जगदलपुर (बस्तर), 9 जुलाई 2026। बस्तर संभाग मुख्यालय स्थित पंडित श्यामा प्रसाद मुखर्जी सभागार में आज आयोजित ‘दीदी के गोठ’ कार्यक्रम के 12वें संस्करण में महिला सशक्तिकरण, ग्रामीण आत्मनिर्भरता और आजीविका संवर्धन की एक बेहद खूबसूरत और प्रेरक तस्वीर देखने को मिली। संभाग के विभिन्न अंदरूनी जिलों से आईं हजारों आदिवासी और ग्रामीण महिलाओं ने इस भव्य आयोजन में हिस्सा लिया। कार्यक्रम में अपनी मेहनत से तकदीर बदलने वाली लखपति दीदियों की सफलता की कहानियों ने उपस्थित अन्य महिलाओं में आत्मविश्वास और स्वरोजगार के प्रति एक नया उत्साह फूंक दिया।
कठिन परिस्थितियों को मात देकर आगे बढ़ रहीं बस्तर की महिलाएं: केदार कश्यप
मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए छत्तीसगढ़ के वन एवं जलवायु परिवर्तन, परिवहन, सहकारिता तथा संसदीय कार्य मंत्री श्री केदार कश्यप ने बस्तर की मातृशक्ति के जज्बे को सलाम किया। उन्होंने कहा:
"बस्तर की महिलाओं ने हमेशा से कठिन भौगोलिक और सामाजिक परिस्थितियों का सामना किया है। आज वे सभी चुनौतियों को मात देकर समाज में सकारात्मक बदलाव की सबसे बड़ी ताकत बन चुकी हैं। सरकारी योजनाओं की असली सार्थकता तभी है जब हमारी ग्रामीण बहनें उन्हें अपनाकर आत्मनिर्भरता की ओर कदम बढ़ाएं।"
उन्होंने आगे कहा कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान), मध्याह्न भोजन योजना और अन्य स्व-रोजगार योजनाओं के जरिए बस्तर के वनांचलों की महिलाएं आज आर्थिक और सामाजिक रूप से पूरी तरह सशक्त हो रही हैं।
कैफे खोलकर प्रतिदिन 5 हजार रुपये कमा रहीं नम्रता पटेल
इस सम्मेलन में बस्तर संभाग की कई जांबाज महिलाओं ने मंच पर आकर अपनी संघर्षगाथा सुनाई, जिसने पंडाल में बैठी हर महिला की आंखें नम कर दीं और दिल में कुछ कर गुजरने की चाह पैदा की:
कोंडागांव की नम्रता पटेल की कहानी: कार्यक्रम में कोंडागांव जिले की श्रीमती नम्रता पटेल ने बताया कि वे 'बिहान' योजना से जुड़ीं। इसके तहत उन्हें बैंक लिंकेज और 5 लाख रुपये के आसान बिजनेस लोन की सहायता मिली। इस पैसे से उन्होंने अपने 'अमृत तुल्य' चाय एवं नाश्ता कैफे की शुरुआत की। अपनी बेहतरीन सर्विस के दम पर आज उनका कैफे इतना प्रसिद्ध हो चुका है कि वे प्रतिदिन लगभग 5 हजार रुपये की शुद्ध आय अर्जित कर रही हैं।
सफल लखपति दीदियों का हुआ मंच पर सम्मान
समारोह के दौरान मुख्य अतिथि मंत्री श्री केदार कश्यप और विशिष्ट अतिथियों द्वारा चपका की श्रीमती नीतू झा, सुलेंगा की श्रीमती सुगनी कश्यप और इरपा की श्रीमती हेमबती नाग सहित कई अन्य सफल लखपति दीदियों को शॉल, श्रीफल, प्रमाण-पत्र और आर्थिक सहायता राशि के चेक प्रदान कर सम्मानित किया गया।
सरकारी योजनाओं से बढ़ रही महिलाओं की भागीदारी: सांसद महेश कश्यप
बस्तर के सांसद श्री महेश कश्यप ने कहा कि किसी भी क्षेत्र या समाज का संपूर्ण विकास तब तक संभव नहीं है, जब तक वहां की आधी आबादी सशक्त न हो। उन्होंने महतारी वंदन योजना, लखपति दीदी योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं ने महिलाओं को घर के फैसलों में बराबरी का हक दिलाया है। वहीं चित्रकोट विधायक श्री विनायक गोयल ने कहा कि बस्तर की महिलाएं अब सिर्फ चूल्हे-चौके तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे मुर्गीपालन, मछलीपालन, सब्जी उत्पादन जैसी बहुआयामी आजीविका गतिविधियों से जुड़कर घर चला रही हैं।
इस गौरवमयी आयोजन के दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती वेदवती कश्यप, बस्तर कलेक्टर श्री आकाश छिकारा, जिला पंचायत सीईओ श्री प्रतीक जैन सहित कई स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और भारी संख्या में ग्रामीण क्षेत्रों से आईं बिहान समूह की दीदियां उपस्थित रहीं।